चकिया- छुट्टी के दिन मैदान में उतरे तहसीलदार, फावड़ा चलाकर करा दिया बड़ा समाधान…..”सरकारी अफसर का अनोखा अंदाज: खुद फावड़ा चलाया और खत्म कराया वर्षों पुराना विवाद, दो समुदाय के कुछ लोगों में था विवाद…….
फावड़ा उठाया, विवाद मिटाया: तहसीलदार की पहल से पांच साल बाद खुला जल निकासी का रास्ता
चकिया (चंदौली), भारत एकता टाइम्स।
ताकिया-महडौर गांव में पिछले पांच वर्षों से चला आ रहा जल निकासी विवाद आखिरकार प्रशासन की सक्रिय पहल से समाप्त हो गया। यह केवल एक सरकारी कार्रवाई नहीं थी, बल्कि एक ऐसी मिसाल बनी जिसमें एक अधिकारी ने दफ्तर की कुर्सी छोड़कर सीधे मैदान में उतरकर समस्या के समाधान का नेतृत्व किया।

गांव में जल निकासी को लेकर लंबे समय से विवाद बना हुआ था। बरसात के दिनों में पानी के जमाव से ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ता था। स्थिति इतनी संवेदनशील हो गई थी कि मामला दो समुदायों के बीच तनाव का कारण बनने लगा था। कई बार शिकायतें हुईं, बैठकें हुईं, लेकिन समाधान नहीं निकल सका।

मामले की गंभीरता को देखते हुए तहसीलदार देवेंद्र कुमार यादव स्वयं मौके पर पहुंचे। उनके साथ दो नायब तहसीलदार, 18 लेखपाल, थाना प्रभारी और भारी पुलिस बल भी मौजूद रहा। प्रशासनिक टीम ने राजस्व अभिलेखों की जांच की और जल निकासी के लिए निर्धारित रास्ते को चिह्नित किया।

इसके बाद जो दृश्य सामने आया, उसने ग्रामीणों का दिल जीत लिया। तहसीलदार देवेंद्र कुमार यादव ने खुद फावड़ा उठाया और नाली निर्माण कार्य की शुरुआत कराई। अधिकारियों को केवल निर्देश देने के बजाय स्वयं श्रम करते देख ग्रामीण भी आगे आए और कार्य में सहयोग करने लगे।





