चकिया – छोटी आंत के ऑपरेशन के बाद 8 दिन बाद प्लेटलेट्स गिरने पर वाराणसी हुआ मरीज रेफर….. झूठी अफवाह फैलाने व दुर्व्यवहार करने पर अस्पताल प्रबंधन ने कोतवाली में दिया तहरीर…….3 लाख नही आयुष्मान कार्ड से 23,600 रुपये के भुगतान का दावा……. वाराणसी में चल रहा है इलाज़
चकिया (चंदौली)। स्थानीय वीरेंद्र प्रताप अस्पताल में छोटी आंत के ऑपरेशन के 8 दिन बाद दोबारा पेट दर्द की शिकायत होने पर 45 वर्षीय मरीज को शुक्रवार सुबह वाराणसी के हेरिटेज मेडिकल अस्पताल रेफर कर दिया गया। मरीज पुरानाडीह गांव की निवासी दुख्खी बताई गई हैं। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, मरीज का आयुष्मान कार्ड के माध्यम से उपचार किया गया था। वहीं, उपचार के खर्च को लेकर कथित तौर पर अफवाह फैलाने और चिकित्सा कर्मियों के साथ दुर्व्यवहार किए जाने के मामले में अस्पताल प्रबंधन ने दशरथ सहित अन्य लोगों के खिलाफ स्थानीय कोतवाली में तहरीर दी है।
अस्पताल के निदेशक डॉ. विवेक प्रताप सिंह के मुताबिक, मरीज दो अक्टूबर को पेट दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंची थीं। प्रारंभिक उपचार और जांच के बाद छोटी आंत में समस्या की जानकारी हुई, जिसके बाद ऑपरेशन किया गया। उन्होंने बताया कि मरीज को पहले बीएचयू रेफर करने की सलाह दी गई थी, लेकिन परिजनों ने असमर्थता जताई। इसके बाद सहमति लेकर अस्पताल में ही ऑपरेशन किया गया। उपचार के दौरान आयुष्मान कार्ड से 23,600 रुपये का बिल भुगतान किए जाने की बात अस्पताल प्रबंधन ने कही है।
प्लेटलेट्स कम होने पर चढ़ाया प्लाज्मा
निदेशक के अनुसार, ऑपरेशन के आठ दिन बाद मरीज को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई थी। इसके बाद दोबारा पेट दर्द की शिकायत होने पर जांच कराई गई, जिसमें प्लेटलेट्स कम होने की जानकारी मिली। स्थिति को देखते हुए रात में तीन यूनिट प्लेटलेट्स और दो यूनिट प्लाज्मा चढ़ाया गया। इसके बावजूद अपेक्षित सुधार नहीं होने पर शुक्रवार सुबह करीब नौ बजे मरीज को बेहतर उपचार के लिए वाराणसी स्थित हेरिटेज मेडिकल अस्पताल रेफर कर दिया गया।
अफवाह फैलाने का आरोप, पुलिस से शिकायत
डॉ. विवेक प्रताप सिंह ने आरोप लगाया कि मरीज को वाराणसी रेफर किए जाने के दौरान कुछ लोग अस्पताल पहुंचे और आयुष्मान कार्ड से तीन लाख रुपये लिए जाने की अफवाह फैलाने लगे। उन्होंने इस आरोप को निराधार बताते हुए कहा कि अस्पताल में 23,600 रुपये का बिल बना था। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने चिकित्सा कर्मियों के साथ दुर्व्यवहार किया। इस संबंध में दशरथ सहित अन्य लोगों के खिलाफ स्थानीय कोतवाली में तहरीर दी गई है। खबर लिखे जाने तक अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, मरीज की स्थिति सामान्य बनी हुई थी।