जिस्मफरोशी का धंधा, पांच कोठों के अंदर से मिलीं 25 लड़कियां
मेरठ। पांच साल पहले बंद हुए कबाड़ी बाजार के कोठों में अवैध तरीके से जिस्मफरोशी की जा रही थी। दिल्ली के मिशन मुक्ति एनजीओ की रेकी के बाद एसएसपी ने टीम बनाकर छापामारी की।
पांच कोठों के अंदर से 25 लड़कियां बरामद की गईं। इनमें चार नाबालिग हैं। साथ ही एक ग्राहक समेत पांच युवकों को भी गिरफ्तार किया गया। पुलिस और प्रशासन की मिलीभगत से कोठे संचालित हो रहे थे, जबकि कोर्ट के आदेश पर 2019 में सभी कोठों को बंद करा दिया था।
दो साल पहले 15 कोठों को खोलने की अनुमति जरूर मिली थी। शर्त थी कि कोठो पर अनैतिक कार्य नहीं कराया जाएगा। ब्रह्मपुरी थाने में सभी के लिए जिस्मफरोशी का मुकदमा दर्ज कर लिया गया।
कबाड़ी बाजार में कोर्ट के आदेश पर पांच साल से बंद पड़े कोठो पर जिस्मफरोशी होने लगी। एएचटीयू और प्रोबेशन अधिकारी को इसकी भनक तक नहीं लग पाई, जबकि दिल्ली के एनजीओ मिशन मुक्ति तक जिस्मफरोशी की सूचना पहुंच गई।

एनजीओ के निदेशक वीरेंद्र कुमार ने टीम भेजकर कबाड़ी बाजार की रेकी कराई। पता चला कि कबाड़ी बाजार में पांच कोठों में जिस्मफरोशी हो रही हैं। दार्जीलिंग की चार महिलाएं कोठों का संचालन कर रही हैं। वह पहले भी जिस्मफरोशी में जेल जा चुकी हैं।
वीरेंद्र ने रेकी के बाद एसएसपी डा. विपिन ताडा के सामने प्रमाण पेश किए। कप्तान के आदेश पर सीओ कैंट नवीना शुक्ला और इंपेक्टर महिला थाना की टीम बनाकर एनजीओ के साथ कबाड़ी बाजार में भेज दिया।
शाम को करीब साढ़े सात बजे पुलिस ने एक साथ सभी पांच कोठों पर छापामारी की। यहां से 21 लड़कियां और चार नाबलिग लड़कियां बरामद की गईं। साथ ही पांच युवकों को भी गिरफ्तार किया गया।
यह सभी लड़कियां दार्जीलिंग, राजस्थान, नेपाल और प्रयागराज की रहने वाली हैं, जो पिछले काफी दिनों से कोठों पर जिस्मफरोशी कर रही थी। सभी को पुलिस कब्जे में लेकर ब्रह्मपुरी थाने ले गए, वहां पर सभी के खिलाफ जिस्मफरोशी का मुकदमा दर्ज किया। महिलाओं को देर रात महिला थाने में रखा गया है।




