DPRO ने सभी गांवों के सचिवों को दिया चेतावनी………..बिना काम भुगतान पर होगा मुकदमा, प्रत्येक गांव में होगा 10 गांव चयनित, …..जनपद की 195 ग्राम पंचायतों में स्थापित हो रही डिजिटल लाइब्रेरी
चंदौली। पंचायत योजनाओं में गड़बड़ी और बिना कार्य कराए भुगतान किए जाने के मामलों पर जिला पंचायत राज अधिकारी नीरज सिन्हा ने सख्त रुख अपनाया है। मंगलवार को डीपीआरसी नियामताबाद में आयोजित समीक्षा बैठक में उन्होंने दो टूक कहा कि वित्तीय वर्ष 2026-27 में बिना कार्य कराए भुगतान पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ न सिर्फ विभागीय कार्रवाई होगी, बल्कि एफआईआर भी दर्ज कराई जाएगी।

डीपीआरओ की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में पंचायती राज विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की गई। बैठक में स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के अंतर्गत व्यक्तिगत शौचालय निर्माण, सामुदायिक शौचालयों के संचालन, केयर टेकर भुगतान, बायोगैस प्लांट तथा प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट के निर्माण कार्यों की प्रगति पर चर्चा हुई। उन्होंने धानापुर और चकिया ब्लॉक में निर्माणाधीन प्लास्टिक वेस्ट मैनेजमेंट यूनिट को समय से पूरा कर मशीनें स्थापित करने के निर्देश दिए।

बैठक में “मेरा तालाब मेरी जिम्मेदारी” अभियान के तहत प्रत्येक विकास खंड से 10-10 तालाबों का चयन कर कार्ययोजना तैयार करने और उसे धरातल पर लागू करने के निर्देश दिए गए। डीपीआरओ ने पंचायत भवनों के नियमित संचालन, पंचायत सहायकों की समय से उपस्थिति तथा ग्रामीणों को बेहतर सेवाएं उपलब्ध कराने पर भी जोर दिया।





