सदर कोतवाली क्षेत्र के फत्तेपुर कला गांव में मंगलवार को जमीन बंटवारे को लेकर चल रही पंचायत अचानक खूनी संघर्ष में तब्दील हो गई। पंचायत के दौरान कहासुनी बढ़ी तो रिटायर्ड फौजी मुकेश यादव ने आपा खो दिया और अंधाधुंध गोलियां बरसा दीं। गोलीबारी में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए, जिनमें से एक की वाराणसी ट्रॉमा सेंटर में इलाज के दौरान मौत हो गई।
सूत्रों के अनुसार, मृतक की पहचान सोहदवार निवासी दरोगा यादव के रूप में हुई है, जो सैयदराजा थाने का हिस्ट्रीशीटर भी बताया जा रहा है। वहीं, गोली लगने से घायल रमेश यादव (निवासी सोहदवार) व अंशु यादव (निवासी फत्तेपुर कला) की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है।
बताया जा रहा है कि रिटायर्ड फौजी मुकेश यादव का अपने पट्टीदार अंशु यादव से जमीन की फाटबंदी को लेकर पुराना विवाद चल रहा था। मंगलवार को रिश्तेदारों की मौजूदगी में पंचायत बुलाई गई थी, लेकिन माहौल गरम हो गया। देखते ही देखते बहस झगड़े में बदल गई और मुकेश यादव ने घर से लाइसेंसी असलहा लाकर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
घटना के तुरंत बाद ग्रामीणों ने तीनों घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक इलाज के बाद उन्हें वाराणसी ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया। इस बीच दरोगा यादव की मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी मुकेश यादव फरार होने की फिराक में था, लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घेराबंदी कर उसे असलहे सहित गिरफ्तार कर लिया।
मौके पर पहुंचे एएसपी अनंत चंद्रशेखर ने घटनास्थल का मुआयना किया और पीड़ित परिवारों से बातचीत की। उन्होंने बताया कि आरोपी को हिरासत में ले लिया गया है और क्षेत्र में कानून-व्यवस्था पूरी तरह नियंत्रण में है।
ग्रामीणों की मानें तो मुकेश यादव पूर्व में भी कई बार विवादों में लिप्त रहा है, लेकिन उस पर समय रहते कोई कठोर कार्रवाई नहीं हुई। गोलीकांड के बाद गांव में भय और तनाव का माहौल है, जिसे देखते हुए पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
वहीं पुलिस क्षेत्राधिकारी ने बताया कि आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया हैं। वहीं वाराणसी में इलाज के दौरान घायल दरोगा यादव की मौत हो गई। सीओ ने बताया कि मौत की जानकारी मृतक के परिजनों ने दिया